स्टार्टअप इंडिया का अकादमिक गठबंधन कार्यक्रम

देश में उद्यमिता की भावना को प्रोत्‍साहित करने संबंधी भारत सरकार के मिशन को पूरा करने के लिए स्‍टार्टअप इंडिया ने ‘स्‍टार्टअप अकादमिक गठबंधन’ कार्यक्रम शुरू किया है जो अकादमिक विद्वानों और समान कार्य क्षेत्रों (डोमेन) में कार्यरत स्‍टार्टअप्‍स के बीच एक अनूठा मार्गदर्शन अवसर है।

‘स्‍टार्टअप अकादमिक गठबंधन’ कार्यक्रम का उद्देश्‍य वैज्ञानिक अनुसंधान और उसके औद्योगिक अनुप्रयोगों के बीच के अंतर को कम करना है, ताकि इन प्रौद्योगिकियों की प्रभावकारिता को बढ़ाया जा सके और इसके साथ ही इनके प्रभावों या असर का दायरा बढ़ाया जा सके। शिक्षाविदों और उद्योग जगत के बीच एक सेतु सृजित करते हुए इस गठबंधन का उद्देश्‍य स्‍टार्टअप परितंत्र के हितधारकों के बीच टिकाऊ संपर्क सृजित करना और उस तृतीय स्‍तंभ को क्रियान्वित करना है जिस पर स्‍टार्टअप इंडिया की कार्य योजना आधारित है। यहां पर आशय उद्योग-शिक्षाविद साझेदारियों एवं इन्‍क्‍यूबेशन से है।

‘स्‍टार्टअप अकादमिक गठबंधन’ के लिए आवेदनों को स्‍टार्टअप इंडिया हब के जरिए प्राप्‍त किया गया। स्‍टार्टअप इंडिया हब के जरिए कुल मिलाकर 133 आवेदन संबंधित स्‍टार्टअप्स से प्राप्‍त हुए जिनमें से 43 आवेदनों का चयन संबंधित संस्‍थानों द्वारा परिचालन संबंधी क्षेत्रों और तकनीकी प्रासंगिकता के आधार पर किया गया। इसके तहत उन स्‍टार्टअप्‍स का पता लगाने पर विशेष जोर दिया गया जो विभिन्‍न क्षेत्रों की गंभीर समस्‍याएं सुलझाने के लिए अभिनव समाधानों को उपयोग में लाते हैं।

इस दिशा में मार्गदर्शन संबंधी सत्रों की शुरुआत हो चुकी है और यह उम्‍मीद की जा रही है कि विभिन्‍न क्षेत्रों में कार्यरत अनुभवी अनुसंधान विद्वानों की विशेषज्ञता एवं अंतर्दृष्टि से स्‍टार्टअप्‍स काफी लाभान्वित होंगे।

स्रोत: पीआईबी.

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