जनजल – देश के हर व्यक्ति तक सुरक्षित पेय जल की मुहिम : पराग अग्रवाल

जनजल, सुरक्षित पेयजल की धारणा और इस सन्दर्भ में हमारी विचार प्रक्रिया को बदलने और बेहतर जीवन सुनिश्चित करने के  लिए एक सामाजिक पहल है. संयुक्त राष्ट्र संघ स्वच्छ जल को एक मौलिक मानव अधिकार के रूप में लेता है और भारत में इसी के लिए कार्य कर रहा है एक स्टार्टअप जनजलजनजल पराग अग्रवाल के नेतृत्व में स्थापित किया गया एक बूटस्ट्रैपड स्टार्टअप है. जनजल की स्थापना 2013 में पीने के काबिल स्वच्छ जल के समाधान हेतु किया गया था. सभी के लिए सुरक्षित पेयजल सुलभ बनाने के मिशन के साथ यह सामाजिक उद्यम, भारत के विभिन्न हिस्सों में विस्तारित हो रहा है. जनजल ने फिलहाल महाराष्ट्र और दिल्ली एनसीआर पर अपने आपको केन्द्रित कर रखा है.

पराग अग्रवाल, संस्थापक, जनजल

वर्ल्ड रिसोर्सेज इंस्टीट्यूट – डब्लूआरआई के मुताबिक, भारत में 100 मिलियन से अधिक लोग ऐसे इलाकों में रह रहे हैं जहां पानी गंभीर रूप से प्रदूषित है. भारत सरकार के अनुमान के मुताबिक यहाँ उपलब्ध 70 प्रतिशत जल पूर्व उपचार के बिना खपत के लिए अनुपयुक्त है. डब्लूआरआई शोध से यह भी पता चलता है कि देश का 54 प्रतिशत जल अत्यधिक उच्च दबाव का सामना कर रहा है और यह स्थिति बद से बदतर ही होने वाली है.

अपने शुरूआती दौर में अपने संस्थापकों द्वारा बूटस्ट्रैपड स्टार्टअप जनजल ने फरवरी 2017 में अमेरिका स्थित एक सामाजिक प्रभाव फण्ड ट्राइकलर क्लेनटेक कैपिटल ने 5 मिलियन डॉलर का निवेश हासिल किया. इस निवेश का उपयोग जनजल ने अपने स्टार्टअप को स्केलअप करने एवं संचालन को विकसित करने में किया. जनजल ने देश के विभिन्न हिस्सों विशेषकर महाराष्ट्र एवं दिल्ली एनसीआर में पानी के 450 सिस्टम लगाये हैं, जबकि 2018 के अंत इनकी संख्या 1000 तक पहुँचने की उम्मीद है.

हाल ही में, जनजल ने नई दिल्ली नगर निगम और गाजियाबाद नगर निगम से 150 फिक्स्ड और मोबाइल वॉटर सिस्टम स्थापित करने का अनुबंध हासिल किया, जबकि भारतीय रेल के साथ जनजल ने आईआरसीटीसी के माध्यम से मुंबई क्षेत्र के विभिन्न रेलवे स्टेशनों पर लगभग 100 पानी के एटीएम के अतिरिक्त संयोजन के साथ अनुबंध भी प्राप्त किया है.

जनजल के संस्थापक पराग अग्रवाल बताते हैं कि, “जनजल एक सामाजिक उद्यम है जो अपने निवेश के माध्यम से 5 वर्ष तक पेयजल के एटीएम स्थापित, संचालित और उनका रख रखाव करते हुए लोगों तक सुरक्षित पेयजल पहुंचाता है. हमने देखा है कि सुरक्षित पेयजल की कमी के कारण दस्त, कॉलेरा, टाइफाईड जैसी बीमारियां पिछले तीन वर्षों में लाखो की संख्या में रजिस्टर हुई हैं. सुरक्षित पेयजल की खोज में घरों की महिलाएं औसतन हर वर्ष 700 घंटे खर्च करती हैं, जो कि सीधे उनकी आर्थिक उत्पादकता को प्रभावित करता है.”

पराग अपनी परियोजना के बारे आगे बताते हुए कहते हैं कि, “जनजल का दर्शन भारत सरकार की स्वच्छ भारत पहल के साथ भी जुड़ा हुआ है. कंपनी अब सभी मौजूदा प्रणालियों में अपनी संचालन दक्षता को अधिकतम करने की तैयारी कर रही है ताकि इन गर्मियों में मौसम की मांग के साथ हुई बढ़ोतरी की उम्मीद को पूरा किया जा सके. जनजल इन पेयजल एटीएम के माध्यम से जो आय अर्जित करता है उसे अन्य पेयजल एटीएम स्थापित करने और उनके रख रखाव के लिए भी इस्तेमाल किया जाता है.”

जनजल इन पेयजल एटीएम को दूरस्थ रूप से क्लाउड तकनीकि पर आधारित आईटी आधारभूत संरचना के माध्यम से नियंत्रित करता है. यह क्लाउड आधारित सिस्टम न सिर्फ वितरण डेटा प्रदान करता है बल्कि स्वास्थ्य, पानी के शुद्धता स्तर तथा कितना पानी डिस्पेंसर में बचा यह भी बताता है जिससे उन्हें सिस्टम को सुचारु रूप से चलाने एवं उसे सक्षम बनाने में मदद मिलती है.

जनजल की यह पहल पानी की कमी से निपटने में मदद करती है, यह एएए दर्शन अवेलेबल, एक्सेसिबिल एंड अफोर्डेबल सिद्धांतों पर आधारित है जो कि सुरक्षित जल उपलब्ध कराता है. इस मिशन का केंद्र रोजाना उपयोग में आने वाले पीने एवं खाना पकाने के लिए इस्तेमाल किया जाने वाला पानी है. हम रेलवे स्टेशनों, बस स्टैंड, धार्मिक पूजा स्थलों, शहरी झोपड़पट्टीयों जैसे सार्वजनिक स्थलों पर जलाजल पानी के एटीएम स्थापित करेगी जहाँ पेयजल की समस्या गंभीर होती है.

पराग भविष्य की योजनाओं के संदर्भ में बात करते हुए कहते हैं, जनजल की हम जल सेवा कम्पनिओं के बीच एक अलग पहचान के स्थापित करना चाहते हैं, हम नाममात्र की लागत पर सुरक्षित पेयजल लोगों तक पहुंचाते हुए सामाजिक प्रभाव छोड़ रहे हैं. देश के कौशल विकास एवं रोजगार उपलब्द्धता की दिशा में भी हम काम कर रहे हैं. हम युवा बेरोजगारों को एटीएम ऑपरेटर्स का प्रशिक्षण प्रदान कर उन्हें एटीएम ऑपरेटर के रूप में रोजगार प्रदान कर रहे हैं. हम युवाओं एवं अन्य देशवासिओं को प्लास्टिक से दूर रखना चाहते हैं, प्लास्टिक पर्यावरण का सबसे बड़ा प्रदूषक है, अतः हम प्लास्टिक बंद पानी की बजाय हमारे सुरक्षित जल एटीएम के इस्तेमाल पर जोर देते हैं, जो कि सुरक्षित के साथ साथ उनके मुकाबले बहुत ही सस्ता है. वॉव वाटर ऑन व्हील्स योजना के माध्यम से जनजल अपने तीव्र विस्तार की योजना बना रहा है.

जनजल का उद्देश्य कुशल सेवाओं के माध्यम से हर भारतीय को सुरक्षित पेयजल के मौलिक अधिकार से युक्त करना चाहते हैं.  कंपनी विभिन्न वैश्विक निगमों और प्रौद्योगिकी कंपनियों के साथ बहुत बारीकी से काम कर रही है ताकि वह अपनी ऑपरेटिंग दक्षता को बढ़ा सके और लगातार अधिक से अधिक लोगों की सेवा कर सके.

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